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Mahavir Jayanti

Mahavir Jayanti
This year's Mahavir Jayanti

Thursday, 14 Apr - 2022

Mahavir Jayanti in the Year 2022 will be Celebrated on Thursday, 14 April 2022.

Mahavir Jayanti is observed by Jains as the birth anniversary of sage Mahavir. Mahavir, also known as Vardhamana, established core tenets of Jainism. Mahavir was the 24th and the last Jain sage. Mahavir was born during 599 B.C. and died in 527 B.C. at the age of 72. Mahavir was born at Kundalagrama which is situated under the Vaishali district in Bihar. Shrines and temples are decorated with flags for the occasion, and on the day of the festival, the idol of the tirthankar is given a ritual bath before being taken out, ensconced in a cradle, in a grand procession. The custom of donating money, food, and clothing to the poor is also an important aspect of celebrating Mahavir Jayanti. In addition, Jain organizations (in some cases, even individuals) arrange for free food and drink for all passersby. Important Jain shrines such as Sri Mahavirji in Rajasthan; Girnar and Palitana in Gujarat; Parasnath Temple (Kolkata) and Pawapuri in Bihar host major celebrations to mark Mahavir Jayanti.

संत महावीर स्वामी जी का जन्मदिवस महावीर स्वामी जयंती जैनियों द्वारा मनाया जाता है। महावीर स्वामी जोकि वर्धमान के नाम से भी जाने जाते है ने जैन दर्शन के मूलभूत सिद्धांतो की व्याख्या की थी।  महावीर स्वामी जैन धर्म के अंतिम तीर्थंकर थे। महावीर स्वामी का जन्म ५९९ ईसा पूर्व में तथा स्वर्गवास ५२७ ऐसा पूर्व में ७२ वर्ष की आयु में हुआ था। महावीर स्वामी का जन्म बिहार के वैशाली जिले के कुण्डलग्राम में हुआ था। तीर्थ और मंदिर इस पर्व के लिए ध्वजो से सजाये जाते है, जयंती पर्व के दिन तीर्थंकर की प्रतिमा का अनुष्ठान के अनुसार स्नान दर्शन के लिए लाने से पहले किया जाता है तथा पालने में विराजमान करके एक बड़ा जुलूस निकला जाता है। महावीर स्वामी की जयंती को मानाने की महत्वपूर्ण एक रीति के अनुसार धन, भोजन और कपड़ो का दान गरीबो में किया जाता है। कुछ जगह जैन संगठन और सेवा समूह तथा कुछ जगह व्यक्तिगत रूप से लोग आने जाने वाले लोगो को मुफ्त भोजन और पानी का दान करते है। महत्वपूर्ण जैन तीर्थ जैसे श्री महावीर जी राजस्थान, गिरनार और पलिटाना गुजरात में, पारसनाथ मंदिर ( कलकत्ता ) तथा बिहार में पावापुरी आदि स्थानों पर महावीर जयंती के अवसर पर भव्य समारोहों का आयोजन किया जाता है।

 
 
 
 
 
 
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